मसूरी , PAHAAD NEWS TEAM

क्रिसमस 2021: उत्तराखंड में भी क्रिसमस का असर देखने को मिल रहा है। दून और मसूरी भी क्रिसमस मनाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। बाजारों में त्योहारी उत्साह साफ नजर आ रहा है। खरीदारी के लिए बड़ी संख्या में लोग उमड़ रहे हैं। दून समेत मसूरी के सभी चर्चों को रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया गया है. क्रिसमस को लेकर विशेष प्रार्थना सभा की तैयारी की जा रही है।

दून में दुकानों को सजावटी सामान, क्रिसमस ट्री, सांता क्लाज की ड्रेस, मुखौटे, स्टार, विंड चैम, झालर, फेयरी, मदर मैरी और यीशु की प्रतिमा आदि गिफ्ट सजाए गए है। शुक्रवार को खरीदारी को लेकर लोगों में खासा उत्साह रहा। घरों को सजाने और एक-दूसरे को उपहार देने के लिए दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ उमड़ पड़ी। लाल और सफेद सांता की ड्रेस की कीमत 300 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक है।

बाजार में विभिन्न आकारों के सुंदर क्रिसमस ग्रीटिंग कार्ड भी उपलब्ध हैं। जिसकी कीमत 20 रुपये से लेकर 500 रुपये तक है। इसके अलावा बाजार में अलग-अलग डिजाइन में आकर्षक मोमबत्तियां बिक रही हैं। इलेक्ट्रिक मोमबत्तियां ग्राहकों को काफी पसंद आ रही हैं. यह 200 से 500 रुपये है। बाजार में क्रिसमस ट्री 12 सेंटीमीटर से लेकर छह फीट तक के हैं। इन्हें रंग-बिरंगी लाइटों से आकर्षक बनाया गया है। इसे 400 से 8,000 रुपये में बेचा जा रहा है।

चर्च विशेष प्रार्थना के लिए तैयार

दून के विभिन्न चर्चों में शुक्रवार आधी रात को विशेष पूजा अर्चना की गई। अब शनिवार को क्रिसमस की सुबह प्रार्थना सभा होगी। हालांकि इस बार भी कोविड दिशा-निर्देशों का पालन किया जा रहा है और चर्च में सीमित संख्या में लोगों को ही प्रवेश की अनुमति होगी।

इस बार सांस्कृतिक कार्यक्रम, नगर परिक्रमा व अन्य गतिविधियों को भी स्थगित कर दिया गया। कान्वेंंट रोड स्थित सेंट फ्रांसिस कैथोलिक चर्च के फादर ने बताया कि इस बार भी कार्यक्रम बहुत ही सुचारू रूप से संपन्न हो रहा है. भीड़ कम करने के लिए ऑनलाइन प्रार्थना करने की अपील की जा रही है।

इंडियन क्रिश्चियन यूथ फेडरेशन ने कहा कि सभी चर्चों में सजावट की गई है और पूजा-अर्चना भी की जा रही है, लेकिन शारीरिक दूरी बनाए रखने के साथ ही मास्क को अनिवार्य कर दिया गया है. इसके साथ ही चर्च परिसर में सैनिटाइजर भी लगाया गया है. पूजा से पहले और बाद में चर्चों को सेनेटाइज किया जाएगा। नेशविला रोड स्थित सेंट्रल मेथोडिस्ट चर्च कमेटी के मुताबिक चर्च में प्रार्थना के दौरान बैठने के लिए दो गज की दूरी का ध्यान रखा जा रहा है. कोरोना गाइडलाइंस का पूरी तरह से पालन किया जाएगा।