मसूरी , PAHAAD NEWS TEAM
एक निजी बस अनियंत्रित होकर एक सड़क से दूसरी सड़क पर देहरादून-मसूरी मार्ग पर पद्मिनी निवास के पास जा गिरी. बस की चपेट में एक कार भी आ गई। बस में 30 छात्र व 3 शिक्षक समेत बस का कंडक्टर व चालक सवार था, जिसमें से 2 शिक्षक व 5 छात्र घायल हो गए. स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से सभी लोगों को बस से बाहर निकाला गया. वहीं, 108 एंबुलेंस के जरिए घायलों को उप जिला अस्पताल पहुंचाया गया।
बताया जा रहा है कि बस में सवार सभी छात्र हैं, जो मुजफ्फरनगर से मसूरी घूमने आए थे। लौटते समय बस का एक्सीडेंट हो गया। मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि बस के गिरने के तुरंत बाद सभी लोग मौके पर पहुंचे तो देखा कि बस में फंसे छात्र चिल्ला रहे हैं. बस के शीशे तोड़कर लोगों को बचाया गया। घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम मसूरी नरेश चंद्र दुर्गापाल ने सभी छात्रों का हालचाल जाना। उन्होंने छात्रों और शिक्षकों के ठहरने की व्यवस्था की।
एसडीएम मसूरी नरेश चंद्र दुर्गापाल ने कहा कि यह घटना बहुत बड़ी हो सकती थी, लेकिन गनीमत यह रही कि बस दूसरी सड़क के एक पैराफेट से टकराकर रुक गई. उन्होंने बताया कि इस पूरी घटना में 7 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से 5 छात्र 2 शिक्षक हैं, जिनका इलाज मसूरी के जिला अस्पताल में चल रहा है. वहीं, दो लोगों को देहरादून हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि बाकी बच्चों के ठहरने और खाने की व्यवस्था प्रशासन की ओर से की गई है. उन्होंने कहा कि घटना की मजिस्ट्रियल जांच भी कराई जा सकती है। यदि बस संचालक की लापरवाही पाई जाती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मसूरी पुलिस के एसआई सुमेर सिंह ने बताया कि इस हादसे में 7 लोग घायल हुए हैं. घायल हुए प्रणव कुमार राठी (20), वारिशा (21), मनोज जैन (21), स्मृति माथुर (19), आर्यमन (20), आर्यन शर्मा (20), संगीता अग्रवाल (50) साल शामिल हैं। अग्रवाल और प्रणव कुमार को देहरादून हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। उन्होंने कहा कि सभी लोग मुजफ्फरनगर के रहने वाले हैं. वह एसजी इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ते हैं ।
स्कूल शिक्षक डॉ . तोप सिंह जी पुंडीर ने बताया कि छात्रों ने मसूरी दौरे के लिए एक एसी बस बुक की थी, लेकिन एसी बस में कुछ तकनीकी खराबी के कारण बहादराबाद से दूसरी बस भेज दी गई. बस काफी पुरानी और खस्ताहाल है, जिसका छात्रों और उनके द्वारा भी विरोध किया गया था।
उन्होंने कहा कि मसूरी और कैम्पटी का दौरा कर लगभग 9 बजे सभी लोग वापस जाने के लिए तैयार हो गए, जिसमें से 5 छात्रों को छोड़कर सभी बच्चे और शिक्षक बस में बैठ गए और वह खुद सड़क पर खड़े होकर अन्य बच्चों का इंतजार करने लगे । ऐसे में जाम के चलते बस चालक बस को चौड़ी जगह पर खड़ा करने गया था कि 200 मीटर आगे जाने के बाद बस अनियंत्रित होकर एक सड़क से दूसरी सड़क पर पलट गई.

