केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम के कपाट खोले जाने के बाद से बारिश और बर्फबारी ने श्रद्धालुओं की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष अजेंद्र अजय लगातार खराब मौसम के कारण व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए बदरीनाथ में तैनात हैं. आने वाले दिनों में मौसम विभाग की चेतावनी को ध्यान में रखते हुए बीकेटीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी योगेंद्र सिंह को केदारनाथ धाम में ही डेरा डालने का निर्देश दिया गया है.

केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में बारिश और बर्फबारी के कारण श्रद्धालुओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. बद्रीनाथ में मास्टर प्लान का काम भी बारिश की वजह से प्रभावित हुआ है. मौसम और निर्माण कार्यों की वजह से श्रद्धालुओं को किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए बीकेटीसी के अध्यक्ष अजेंद्र लगातार स्थिति की निगरानी कर रहे हैं. तीर्थयात्रियों से फीडबैक लेने के बाद वे प्रशासन और सरकारी अधिकारियों से बात कर रहे हैं।

बीकेटीसी अध्यक्ष ने आने वाले दिनों के मौसम के पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए मुख्य कार्यकारी अधिकारी योगेंद्र सिंह को केदारनाथ धाम में डेरा डालने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि प्रतिकूल मौसम के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु केदारनाथ धाम पहुंच रहे हैं.

अब तक ढाई लाख श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं
चार धाम यात्रा में अब तक 2.50 श्रद्धालु चार धाम यात्रा कर चुके हैं। जिसमें 9.18 लाख केदारनाथ और 39 हजार बदरीनाथ जा चुके हैं जबकि एक से पांच मई के बीच चार धामों में 80 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन के लिए पंजीकरण कराया है.

पर्यटन विभाग द्वारा जारी एक रिपोर्ट के मुताबिक, 22 से 30 अप्रैल के बीच 2.50 लाख श्रद्धालुओं ने चारधाम यात्रा की। खराब मौसम के बाद भी दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हो रहा है। यमुनोत्री धाम में 55 हजार से ज्यादा, गंगोत्री में 61500, केदारनाथ में 91838, बद्रीनाथ में 39 हजार से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं।

लापता महिला और उसके बच्चे को मसूरी पुलिस ने हरियाणा से सकुशल बरामद कर लिया