हल्द्वानी , PAHAAD NEWS TEAM

सुशीला तिवारी अस्पताल में सोमवार देर रात डॉक्टरों और तीमारदारों के बीच जमकर हंगामा हुआ . हंगामे की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामला शांत कराया। वहीं, तीमारदारों ने जूनियर डॉक्टरों और सुरक्षाकर्मियों पर उन्हें बंधक बनाने का आरोप लगाया है.

आपको बता दें कि धान मिल धैर्य निवासी योगेश मौर्य अपने पिता प्रेमशंकर मौर्य की तबीयत खराब होने पर उनको सुशीला तिवारी अस्पताल ले गए । जहां उन्होंने इमरजेंसी में जल्द डॉक्टर को दिखाने की गुहार लगाई तो जूनियर डॉक्टरों ने उनसे हाथापाई की. जिसके बाद तीमारदार ने अपने पड़ोसी दीवान सिंह बिष्ट और उमेश बुधनी को फोन करके अस्पताल बुला लिया, जिसके बाद विवाद और बढ़ गया । जूनियर डॉक्टर और सुरक्षाकर्मी उन्हें कमरे में ले गए और तीनों की जमकर पिटाई की. जिसमें तीनों लोग घायल हो गए।

वहीं रात करीब 12 बजे तक अस्पताल में हंगामा होता रहा. सूचना पर पहुंची पुलिस बल और अस्पताल के प्राचार्य ने किसी तरह मामले को शांत कराया और घायलों को बेस अस्पताल भिजवाया. बता दें कि अस्पताल में भारी पुलिस बल तैनात कर दी गई है । उधर, हंगामे की खबर मिलते ही कांग्रेस नेता सुमित हृदयेश भी अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने आरोपी जूनियर डॉक्टरों और सुरक्षाकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.

वहीं मौके पर पहुंचे एसपी सिटी जगदीश चंद्रा का कहना है कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. पुलिस सीसीटीवी फुटेज भी देख रही है, जो भी सबूत मिले उसके आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। एसपी सिटी का कहना है कि अभी तक किसी भी तरफ से कोई शिकायत नहीं दी गई है. शिकायत मिलने के बाद मामला दर्ज किया जाएगा।