गोपेश्वर , PAHAAD NEWS TEAM
भारत-तिब्बत चीन सीमा से लगे उत्तराखंड के चमोली जिले की नीती घाटी में राष्ट्रीय राजमार्ग की हालत बेहद खतरनाक बनी हुई है. इस सड़क पर आठ डेंजर जोन लगातार राहगीरों की राह में रोड़ा बनते जा रहे हैं। सीमावर्ती इलाके की सड़कों की देखरेख करने वाली सेना की निर्माण एजेंसी सीमा सड़क संगठन भी सड़कों के निर्माण और मरम्मत के नाम पर हर साल करोड़ों रुपये खर्च कर रहा है. लेकिन सीमावर्ती इलाके में इस हाईवे की हालत आज भी जस की तस है. सीमावर्ती गांवों के ग्रामीण गांवों तक पहुंचने के लिए अपनी जान जोखिम में डालने की बात कर रहे हैं, वहीं सीमा सड़क संगठन सभी डेंजर जोन पर काम करने की बात कर रहा है.
ये हैं डेंजर जोन
सलधार ढाक 200 मीटर लंबा, बनचुरा 200 मीटर लंबा, रैंणी 50 मीटर लंबा, मरखुड़ा 500 मीटर, पांगती पुल के पास 20 मीटर, जुम्मा व तमक के बीच 50 मीटर, भापकुंड 20 मीटर, नीती काली मंदि 100 मीटर
नीती घाटी सामरिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह घाटी तिब्बत-चीन सीमा से सटी हुई है। चीन कई बार नो मेंसलैंड इलाके में भी अपनी सेना भेज चुका है, जिससे सीमा की सुरक्षा और भी जरूरी हो जाती है। चीन की बात करें तो वह सड़कों के अलावा सीमा तक रेल लाइन और यहां तक कि हवाई सेवाएं भी शुरू करने में जुटा है। सीमावर्ती क्षेत्रों के विकास के मामले में भारत की स्थिति इतनी अच्छी नहीं है। इसका अंदाजा नीती घाटी के रास्ते सीमा पर पहुंचने वाले हाईवे से लगाया जा सकता है। जोशीमठ से नीती तक 85 किलोमीटर क्षेत्र में आठ डेंजर जोन लंबे समय से खतरे के संकेत दे रहे हैं। सबसे बुरा हाल ढाक गांव के पास सलधार का है. यहां बार-बार पहाड़ी गिर रही है। यदि सीमा सड़क संगठन द्वारा पहाड़ी को ऊपर से काट दिया जाए तो सड़क की स्थिति में सुधार हो सकता है। लेकिन संगठन पहाड़ी से गिरे मलबे में सड़क बना रहा है और वाहनों की आवाजाही कर रहा है. डेंजर जोन में सड़क खुलने के बाद दलदल की स्थिति के चलते छोटे-बड़े वाहनों का आना-जाना भी मुश्किल हो रहा है. नीती घाटी के बाम्पा गांव के पूर्व प्रधान धर्मेंद्र सिंह पाल का कहना है कि जोशीमठ से नीती तक सड़क की हालत कई जगह बद से बदतर हो गई है. उनका कहना है कि सीमा सड़क संगठन सभी डेंजर जोन में मलबे के ऊपर सड़क बना रहा है। वहीं अगर इस सड़क पर चट्टानें काट दी जाएं तो सड़क भी चौड़ी हो जाएगी और आवागमन में आसानी होगी। सीमा सड़क संगठन के कमांडर कर्नल मनीष कपिल का कहना है कि नीति हाईवे के डेंजर जोन में निर्माण कार्य चल रहा है. जहां सड़क की हालत खराब है, वहां प्राथमिकता के आधार पर काम किया जा रहा है.

