टिहरी , PAHAAD NEWS TEAM

ऋषिकेश से 15 किलोमीटर आगे शिवपुरी में रेलवे स्टेशन का निर्माण कार्य प्रगति पर है. यहां आधा दर्जन से अधिक लोगों के घर रेलवे लाइन निर्माण की चपेट में आ गए हैं। नोटिस देने के बाद प्रभावितों ने जब अपने आवास नहीं छोड़ने पर गुरुवार को स्थानीय प्रशासन, रेलवे अधिकारियों और पुलिस बल की मौजूदगी में 7 से 10 आवासीय मकानों को जेसीबी लगाकर तोड़ दिया. जिसको लेकर लोगों ने प्रदर्शन किया और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए. शिवपुरी में सभी परिवार अनुसूचित जाति के हैं।

प्रभावितों का आरोप है कि उन्हें रिहायशी मकानों के अंदर से अपना सामान उठाने का भी मौका नहीं दिया गया और मकान तोड़े जाने से सब कुछ बर्बाद हो गया. आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की. घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र के पूर्व विधायक मौके पर पहुंच गए। इस संबंध में उन्होंने जिलाधिकारी से दूरभाष पर बात कर प्रभावितों की समस्याओं के समाधान की बात कही.

पूर्व विधायक ओम गोपाल रावत का कहना है कि जब तक प्रभावितों की समस्या का समाधान नहीं होगा, वे भी चैन से नहीं बैठेंगे. उन्होंने कहा कि प्रभावितों को न्याय दिलाने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी, प्रभावितों के रात में रहने के लिए लगाए गए टैटों की व्यवस्था करने तक पूर्व विधायक मौके पर ही डटे रहे. प्रभावितों का आरोप है कि वर्ष 2012-13 में जब रेलवे लाइन का सर्वे किया जा रहा था तब उन्होंने आवासीय बस्ती के बाहर रेलवे लाइन बनाने का सुझाव दिया था, लेकिन उनकी नहीं सुनी गई.

प्रभावितों ने वर्ष 2016 में भूमि अधिग्रहण प्राधिकरण देहरादून में मामला दर्ज कराया था, वर्ष 2018 में निर्णय प्रभावितों के पक्ष में आया, लेकिन रेल विभाग ने उच्च न्यायालय नैनीताल में अपील दायर की, मामला अभी भी कोर्ट में लंबित पड़ा है प्रशासन ने माननीय उच्च न्यायालय के निर्णय की प्रतीक्षा न करते हुए प्रभावित लोगों को नोटिस जारी कर आवासीय भवनों पर जेसीबी मशीन चालू कर दी।

प्रभावितों का कहना है कि उनके खातों में जबरन मुआवजा राशि जमा कराई जा रही है। साथ ही प्रभावितों ने विस्थापित होने या मकानों के बदले मकान बनाने और जमीन के बदले जमीन देने की मांग की. मौके पर मौजूद उप जिलाधिकारी नरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि इस मामले में न्यायालय का कोई स्टे नहीं है, नियमानुसार प्रभावितों को मुआवजे की राशि उनके खातों में जमा करा दी गयी है. सब कुछ नियमानुसार किया जा रहा है।