मसूरी, PAHAAD NEWS TEAM

आज के इस डिजिटल युग की प्रतिस्पर्धा में पूरी तरह से पिछड़ चुके दूरदर्शन के स्थानीय उच्च शक्ति प्रसारण केंद्र पर आज ताला लग जायेगा । मसूरी के लालटिब्बा में 24 साल पहले शुरू किए गए इस प्रसारण उच्च शक्ति केंद्र पर भी आज के बाद ताला लग जाएगा। प्रसार भारती महानिदेशालय की तरफ से इस आशय का पत्र जारी कर दिया गया है। दूरदर्शन से यहां से प्रसारित होने वाले कार्यक्रम बंद हो जाएगा।

यहां से गाजियाबाद,बरेली सहित आसपास के क्षेत्रों तक प्रसारण होता था लेकिन इंटरनेट के बढ़ते प्रभाव और टेक्नोलॉजी पुरानी होने के कारण अब मसूरी से प्रसारण बन्द हो जाएगा,विशालकाय टावर में आकाशवाणी के एंटीना के साथ ही कई प्राइवेट कंपनियों के मोबाइल एंटीना भी लगे है जिनसे प्रसार भारती को राजस्व मिलता है

इंटरनेट के बढ़ते प्रभाव और टेक्नोलॉजी पुरानी होने के कारण सर्कार ने केंद्र बंद करने का निर्णय लिया है। दूरदर्शन केंद्र मसूरी के उप निदेशक मनमोहन सिंह ने बताया कि तकनीकि ,कर्मचारियों ,अधिकारियो , को दूरदर्शन , आकाशवाणी के अन्य केन्द्रो पर नियुक्त किया जायेगा। दूरदर्शन परिसर में ही आकाशवाणी के दो एफएम ट्रांसमीटर कार्य करते रहेंगे। यहाँ के उपयोगी सामान को जरूरतमंद केन्द्रो में भेजा जायेगा। मशीने व उपकरण ऑनलाइन नीलाम होंगे। वही दूरदर्शन का अपना डीटीएच है जिससे कई चैनेलो का निशुल्क प्रसारण हो रहा है।

केबल युग के बाद घटता गया दूरदर्शन का महत्व

दूरदर्शन कभी घर-घर में देखा जाता था, लेकिन केबल युग आने के साथ शुरू हुए निजी चैनलों के क्रेज बाद दूरदर्शन के दर्शकों की भी संख्या कम होती चली गई। अब स्थिति यह है कि दूरदर्शन के दर्शकों की संख्या बेहद कम है जिसके चलते प्रसार भारती की तरफ से पहले खोले गए इस प्रसारण उच्च शक्ति केंद्र को बंद किया जा रहा है।

हालांकि प्रसार भारती ने इनके स्थान पर एफएम रेडियो केंद्र शुरू कर दिए, जिससे स्थानीय कार्यक्रमों को भी महत्व मिलने लगा है। इसके अलावा आसपास के क्षेत्रों की खबरों के भी लगातार अपडेट्स दिए जा रहे हैं। इससे न स्थानीय लोक कलाकारों अपितु प्रबुद्ध लोगों को भी एक बेहतर केंद्र मिलेगा।

अनेक कर्मचारी हैं कार्यरत

इस समय केंद्र में अनेक कर्मचारी कार्यरत हैं। इनमें वरिष्ठ इंजीनियरिग सहायक, वरिष्ठ तकनीशियन, तकनीशियन और सहायक पद पर कार्यरत स्टाफ सदस्य है। केंद्र के बंद होने के बाद इन कर्मचारियों का भी अन्यत्र स्थानांतरण किया जाएगा।

लॉकडाउन में रामायण का प्रसारण

लॉकडाउन के दौरान दूरदर्शन पर स्थानीय उच्च शक्ति केंद्र से भी रामायण का प्रसारण किया गया था। उस समय भी उच्च शक्ति केंद्र की वजह से मसूरी जिले के दर्शक बेहतरीन पिक्चर क्वालिटी के साथ रामायण देख पाए थे। अब इस केंद्र पर ताला लगने के साथ भविष्य में प्रसारित होने वाले दूरदर्शन के कार्यक्रमों का प्रसारण यहां से नहीं होगा।