चमोली, PAHAAD NEWS TEAM
बीते दिनों उत्तराखंड के चमोली जिले के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी हुई थी. बर्फबारी के बाद वन्य जीवों को शिकारियों से बचाने के लिए वन विभाग ने चमोली के जंगलों में गश्त तेज कर दी है. केदारनाथ वन्य जीव विभाग द्वारा चोपता, तुंगनाथ, रुद्रनाथ, सेंचुरी क्षेत्र में वनकर्मियों की टीम को गश्त के लिए भेजा गया है. टीम में शामिल वनकर्मियों ने जंगल में शिकारियों की तलाशी ली है।
बता दें कि, बीते दिनों हिमालयन थार का मांस वन विभाग की टीम ने गोपेश्वर के पास एक गांव से बरामद किया था. जिसमें एक आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया है। इसके बाद से केदारनाथ वन प्रभाग द्वारा वन क्षेत्रों में मुस्तैदी से गश्त बढ़ा दी गई है.
आपको बता दें कि उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी के बाद जंगली जानवर बर्फ से बचने के लिए निचले इलाकों और आबादी वाले इलाकों में जाने लगते हैं. लेकिन शिकारी निचले इलाकों में जंगली जानवरों के शिकार के लिए घात लगाकर हमला करते रहते हैं। जिससे सर्दी के मौसम में जंगली जानवरों के शिकार को रोकने के लिए वन विभाग द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में गश्ती दल तैनात किया गया है. ताकि जंगली जानवरों के शिकार पर अंकुश लगाया जा सके।
केदारनाथ वन प्रमंडल के उप वन संरक्षक इंदर सिंह नेगी ने बताया कि ऊंचे इलाकों में बर्फबारी के बाद जंगली जानवर निचले इलाकों में चले जाते हैं. जिससे ये आसानी से शिकारियों के निशाने पर आ जाते हैं। लेकिन वन्य जीवों की सुरक्षा के लिए केदारनाथ वन प्रभाग द्वारा जंगलों में नियमित गश्त की जा रही है. साथ ही जंगलों से सटे गांवों में पेट्रोलिंग भी की जा रही है.

