देहरादून: पहली बार उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तर्ज पर कार्रवाई की है. पूर्व राज्यमंत्री विनोद आर्य के बेटे पुलकित आर्य के रिजॉर्ट पर देर रात बुलडोजर भेजा गया और उसे गिराने की कार्रवाई की गई. उत्तराखंड में ऐसा पहली बार हुआ है, जब प्रशासन ने सीधे तौर पर इस तरह की कार्रवाई की है। डीजीपी अशोक कुमार ने बताया कि सीएम के आदेश के बाद पौड़ी प्रशासन और पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है. आधी रात को ही पुलिस टीम ने आरोपी के रिजॉर्ट को गिराना शुरू कर दिया।

बताया जा रहा है कि इस इलाके में ऐसे दर्जनों रिजॉर्ट हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऐसे सभी रिजॉर्ट पर कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं जो नियमों के खिलाफ चल रहे हैं. दबंग पुलकित आर्य के रिजॉर्ट में बुलडोजर की कार्रवाई से पूरे आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया. प्रशासन का पूरा अमला इस इलाके में पहुंच गया था। एसडीएम प्रमोद कुमार ने बताया कि जेसीबी ने रिजॉर्ट को गिरा दिया है।

अंकिता भंडारी हत्याकांड का मुख्य आरोपी पुलकित आर्य है अंकिता भंडारी हत्याकांड का मुख्य आरोपी पूर्व राज्यमंत्री विनोद आर्य का पुत्र पुलकित आर्य है. पुलिस ने शुक्रवार को अंकिता की हत्या के आरोप में पुलकित आर्य को गिरफ्तार किया था। अदालत ने पुलकित समेत तीन लोगों को 14 दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा है।

कौन हैं अंकिता : अंकिता भंडारी पौड़ी जिले के पट्टी नादलस्यूं में श्रीकोट गांव की रहने वाली थीं. वह भाजपा नेता और पूर्व राज्य मंत्री विनोद आर्य के बेटे पुलकित आर्य के वनंत्रा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थीं। 19 साल की अंकिता 19 सितंबर से लापता थी। उसके पिता ने 19 सितंबर को राजस्व पुलिस चौकी उदयपुर तल्ला में मामला दर्ज कराया था।

अंकिता भंडारी के लापता होने पर कौन थे आरोपी: इस मामले में पुलिस ने भाजपा नेता व राज्य के पूर्व मंत्री विनोद आर्य के बेटे व रिजॉर्ट मालिक पुलकित आर्य समेत 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. वहीं सोशल मीडिया पर अंकिता को इंसाफ दिलाने की मुहिम भी चल रही है. लोग अंकिता के हत्यारों को फांसी देने की मांग कर रहे हैं। लोगों का गुस्सा इस कदर था कि गुस्साए ग्रामीणों ने रिजॉर्ट में तोड़फोड़ की और आग लगाने का प्रयास किया। ऐसे में मौके पर मौजूद भारी पुलिस बल ने ग्रामीणों को बमुश्किल रोका।