देहरादून: कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने लालचंद शर्मा को देहरादून महानगर अध्यक्ष के पद से मुक्त कर दिया है. उनकी जगह कार्यवाहक महानगर अध्यक्ष रहे डॉ. जसविंदर सिंह गोगी को अध्यक्ष (देहरादून न्यू कांग्रेस अध्यक्ष) बनाया गया है. जिसके बाद से पार्टी में आपसी मतभेद उभर रहे हैं.
कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व चकराता विधायक प्रीतम सिंह के करीबी माने जाने वाले लालचंद शर्मा (देहरादून पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष) को कांग्रेस महानगर अध्यक्ष की कुर्सी गंवाकर पार्टी कार्यक्रमों से समानांतर कार्यक्रम चलाने की कीमत चुकानी पड़ी है. ऐसे में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने ऐसे कार्यकर्ताओं पर नेताओं को कड़ा संदेश देने की कोशिश की है कि पदाधिकारी चाहे कितना भी बड़ा क्यों न हो अगर वह प्रोटोकॉल तोड़ता है तो उसे स्वीकार नहीं किया जाएगा.
करन माहरा ने साफ कर दिया है कि वह पार्टी के अध्यक्ष हैं और इस पद पर संगठन को मजबूत करने के लिए हैं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के आगमन के दौरान एक महिला नेता को पार्टी के कार्यक्रमों से अलग करने और चूड़ियां भेंट करने की कोशिश के लिए इस प्रदेश कार्यालय से नोटिस जारी किया गया था. इसमें स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया था कि महिला नेता ने प्रदेश कांग्रेस को भरोसे में नहीं लिया था।
इसके अलावा इस प्रदेश कार्यालय से पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के कार्यकाल में कई कार्यकर्ताओं को नोटिस जारी किया जा चुका है. लेकिन वह अपने अध्यक्ष पद पर रहते हुए कभी नोटिस जारी नहीं करेंगे, बल्कि काम करते हुए कार्रवाई करेंगे. उन्होंने कहा कि लालचंद शर्मा आग्रह के बावजूद प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यक्रमों के अलावा समानांतर कार्यक्रम चला रहे थे. इसलिए पद से मुक्त होने के लिए उन्हें पत्र लिखना पड़ा।

