देहरादून: उत्तराखंड में चार धाम यात्रा जोरों पर चल रही है. इस यात्रा में देश भर से श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। इस बीच, बाकी फोर्स की तरह, होमगार्ड भी सुचारू और व्यवस्थित यात्रा सुनिश्चित करने के लिए ड्यूटी पर हैं। इस बीच वृद्धों, असहायों और विकलांगों की सेवा के रूप में होमगार्ड्स द्वारा नए प्रयास किए गए हैं। जिसके तहत अब होमगार्ड के जवानों ने चारों कैंपों में हेल्प डेस्क बना लिया है.
चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने के बाद भारी भीड़ के बीच चारों धामों में दर्शन करना मुश्किल हो रहा है. श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने से न सिर्फ मंदिर समिति बल्कि जिला प्रशासन और यहां काम करने वाली विभिन्न एजेंसियों के कर्मचारियों की भी चुनौतियां बढ़ गई हैं. वहीं भीड़भाड़ के कारण वृद्ध, अशक्त या विकलांग भक्तों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। होमगार्ड भी इस बात को समझ चुके हैं .
इसे गंभीरता से हल करने का प्रयास किया गया है। चारों धामों में भारी भीड़ को देखते हुए होमगार्ड कमांडेंट जनरल केवल खुराना ने चारों धामों में हेल्प डेस्क बनाने के निर्देश दिए हैं. जिससे यहां पहुंचने वाले ये श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के दर्शन कर सकेंगे।
दिए गए निर्देशों के अनुसार यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ धामों में होमगार्ड्स द्वारा हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए थे। इस हेल्पडेस्क का मकसद बेसहारा श्रद्धालुओं की मदद करना है। जिसमें होमगार्ड स्वयंसेवकों को दो पालियों में तैनात करने का निर्देश दिया गया है। ताकि किसी भी समय श्रद्धालुओं को स्थानों पर पहुंचने में मदद मिल सके। यह हेल्प डेस्क 24 घंटे काम करेगी। ड्यूटी पर तैनात होमगार्ड के मोबाइल नंबर भी यहां चस्पा किए गए हैं। जिससे भक्तों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
इस होमगार्ड हेल्पडेस्क से मदद मांगने वाले जरूरतमंद श्रद्धालुओं का विवरण भी यहां रखा जाएगा। इस दौरान श्रद्धालुओं के अनुभव भी इसमें दर्ज किए जाएंगे। जबकि भक्तों से सभी जरूरी जानकारियां भी ली जाएंगी। होमगार्ड द्वारा की गई इस नई व्यवस्था से यहां आने वाले सभी श्रद्धालुओं को काफी लाभ होगा। चार धाम यात्रा के बाद श्रद्धालु अच्छे अनुभव के साथ वापस लौट सकेंगे।
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