उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की और उनसे देहरादून मेट्रो नियो परियोजना के प्रस्ताव को मंजूरी देने का अनुरोध किया।प्रधानमंत्री से मुलाकात के बाद पत्रकारों से बात करते हुए धामी ने कहा कि अत्याधुनिक और हरित मास रैपिड ट्रांजिट सिस्टम के माध्यम से देहरादून की सड़कों पर यातायात के दबाव को कम करने के उद्देश्य से देहरादून मेट्रो नियो परियोजना क्रियान्वित की जा रही है। जनता को सुरक्षित परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है।

विस्तृत तकनीकी अध्ययन के उपरांत इस परियोजना की डीपीआर, जिसमें दो कॉरिडोर्स (कुल लम्बाई 22.424 किमी) तथा कुल लागत 1852.74 करोड़ रुपए है .के प्रस्ताव पर भारत सरकार की स्वीकृति हेतु आवास एवं शहरी विकास मंत्रालय, भारत सरकार को भेजा गया है।

उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से इस परियोजना के प्रस्ताव को मंजूरी देने का अनुरोध किया है. इससे पहले मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की और उत्तराखंड के विकास में उनके मार्गदर्शन और सहयोग के लिए उन्हें धन्यवाद दिया। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को स्थानीय भांग के रेशे की शॉल बेडू के उत्पाद तथा नंदादेवी राजजात की परम्परागत वाद्ययंत्रो ढोल, दमाऊं, रंणसिंघा युक्त प्रतिकृति भी भेंट की .

ऑल वेदर रोड चारधाम सड़क परियोजना के लिए आभार व्यक्त करते हुए धामी ने कहा कि वर्ष 2023 के लिए केन्द्रीय सड़क अवसंरचना निधि से कुल 155 कार्यों हेतु जन प्रतिनिधियों से रू. 2550.15 करोड़ के प्रस्तावों को मंजूरी देने का अनुरोध किया गया था. मंत्रालय द्वारा राज्य के कार्यों के लिए 250 करोड़ रूपये स्वीकृत किये गये हैं।

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से शेष कार्यों की स्वीकृति दिलाने का अनुरोध किया. मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में पर्यटकों की संख्या में भारी वृद्धि के कारण राज्य की सड़कों पर यातायात का दबाव बढ़ा है। राज्य की सड़कों के उन्नयन की सख्त जरूरत है. इस संबंध में भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने वर्ष 2016 में ही 6 मार्गों को राष्ट्रीय राजमार्ग के रूप में उन्नत करने की सैद्धांतिक सहमति दे दी है।इसके अतिरिक्त 189 किमी के काठगोदाम- भीमताल ध्यानाचुली-मोरनोला- खेतीखान लोहाघाट-पंचेश्वर मोटर मार्ग को पर्यटन / सैन्य आवागमन एवं आम जनमानस के लिए नितान्त उपयोगी होने के दृष्टिगत राष्ट्रीय राजमार्ग के रूप में अधिसूचित किया जाना निवेदित है.

सीएम ने कहा कि वर्तमान में भारत-चीन सीमा पर ऐसी कोई सड़क नहीं है जो सीधे तौर पर पिथौरागढ़ जिले में आईटीबीपी पोस्ट जोलिंगकांग को चमोली जिले में आईटीबीपी पोस्ट लाप्थल से जोड़ती हो. इसलिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण सुरंग मार्ग के निर्माण से उपरोक्त दोनों सीमा चौकियों के बीच की दूरी 404 किमी कम हो जाएगी और यह पर्यटन और सीमा प्रबंधन की दृष्टि से भी उपयोगी होगा।

सीएम धामी ने पीएम को आपदा की स्थिति से अवगत कराया

उन्होंने कहा कि मानसखण्ड स्थित पौराणिक मंदिरों में श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए प्रथम चरण में 16 मंदिरों का समग्र विकास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से राज्य की विभिन्न विकास योजनाओं और सड़क एवं परिवहन से जुड़ी योजनाओं पर भी चर्चा की और बताया कि सीआरआईएफ से 250 करोड़ रूपये के कार्यों की सहमति सड़क परिवहन मंत्रालय द्वारा दी गई है।

इसके अलावा मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को आपदा की स्थिति से भी अवगत कराया और राज्य में सड़कों और पुलों के निर्माण और मरम्मत के साथ-साथ राज्य में पर्यटकों की आवाजाही के लिए 2000 करोड़ रुपये की मंजूरी दी, राज्य में पर्यटकों के आवागमन के दृष्टिगत 6 राजमार्गों को राष्ट्रीय राज्य मार्ग के रूप में अधिसूचित किये जाने का अनुरोध किया।

सौंग बांध के निर्माण की अनुमति मांगी

उन्होंने प्रधानमंत्री को मानसून की स्थिति और आपदा की स्थिति से भी अवगत कराया। धामी ने पीएम मोदी से सोंग बांध के निर्माण को मंजूरी देने का भी आग्रह किया और कहा कि इससे 2050 तक देहरादून शहर की पेयजल समस्या का समाधान हो जाएगा. प्रधानमंत्री ने आश्वासन दिया कि सौंग बांध के लिए आवश्यक धनराशि स्वीकृत की जाएगी। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से इस वर्ष दिसंबर में राज्य में प्रस्तावित वैश्विक निवेश शिखर सम्मेलन में भाग लेने का भी अनुरोध किया.