मसूरी, PAHAAD NEWS TEAM

38वां वार्षिक पुरस्कार समारोह मसूरी इंटरनेशनल स्कूल का वैदिक मंत्रोच्चार के बीच संपन्न हुआ. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में एफआरआई की निदेशक डॉ. रीनू सिंह ने कहा कि मसूरी इंटरनेशनल स्कूल शिक्षा के साथ भारतीय संस्कृति को आगे बढ़ाते हुए हर क्षेत्र में बच्चों के भविष्य के निर्माण की दिशा में काम कर रहा है.

मसूरी इंटरनेशनल स्कूल के वार्षिक पुरस्कार एवं विदाई समारोह का आयोजन भव्यता के साथ किया गया। इस अवसर पर बच्चों ने वैदिक मंत्रों का पाठ किया और पूरे प्रांगण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। स्कूल की प्रधानाचार्या मीता शर्मा ने मुख्य अतिथि निदेशक एफआरआई डॉ. रीनू सिंह का गुलदस्ता भेंट कर स्वागत किया। समारोह में विद्यार्थियों ने मन मोहन गणेश वंदना के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इसके साथ ही छात्राओं ने भारतीय शास्त्रीय संगीत और पश्चिमी संगीत की जुगलबंदी पेश की। इसके बाद कक्षा एक से 12वीं तक के मेधावी विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि डॉ. रीनू सिंह के हाथों पुरस्कार वितरण किया गया। जिसमें स्कूल की प्राथमिक, माध्यमिक और वरिष्ठ कक्षाओं की छात्राओं को उनकी प्रतिभा के अनुसार विषयवार पुरस्कृत किया गया। ओवरऑल ट्रॉफी लक्ष्मी सदन ने जीती। लक्ष्मी सदन ने 6685 अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। लक्ष्मी सदन ने भी स्पोर्ट्स ट्रॉफी पर कब्जा किया। संतोषी सदन के छात्रों ने सह पाठयक्रम गतिविधियों की ट्रॉफी जीती। संतोषी सदन के छात्राओं ने एक बार फिर हाउस ऑफ द ईयर की ट्रॉफी पर कब्जा किया। श्रेष्ठ कदम ताल ट्रॉफी परोसने वाली सामाजिक गतिविधियों को भी संतोषी सदन की लड़कियों ने जीता। जिसमें शैक्षणिक सत्र 2021-22 में विद्यालय के इंटर हाउस लक्ष्मी सदन की छात्राओं को सर्वश्रेष्ठ सदन घोषित किया गया।

इस मौके पर डॉ. रीनू सिंह ने कहा कि स्कूल में बच्चों को भारतीय संस्कृति और संस्कार के साथ आधुनिक शिक्षा दी जा रही है और हर क्षेत्र में बच्चों की प्रतिभा को निखारने का काम किया जा रहा है, जो इस स्कूल को अन्य स्कूलों से अलग करता है। इसके लिए स्कूल की सभी छात्राओं के साथ-साथ प्रिंसिपल और टीचर्स भी बधाई के पात्र हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि यहां से पढ़कर बच्चे अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता के बल पर हर क्षेत्र में अपना भविष्य बना सकेंगे।

इस अवसर पर प्राचार्य मीता शर्मा ने कहा कि मसूरी इंटरनेशनल स्कूल छात्राओं को भारतीय सभ्यता, संस्कृति व राष्ट्रीयता की भावना व सांस्कृतिक विरासत व मूल्यों पर आधारित शिक्षा प्रदान कर रहा है. उन्होंने आशा व्यक्त की कि भारत की स्वतंत्रता के अमृत उत्सव में इस विद्यालय की छात्राएं स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद विश्व स्तर पर अपना मुकाम हासिल कर स्कूल का नाम रोशन करेंगी । इस मौके पर आईएफएस धीरेंद्र वर्मा समेत स्कूल के शिक्षक, अभिभावक और अतिथि भी मौजूद थे.