मसूरी , PAHAAD NEWS TEAM
सुनील हत्याकांड में परिजनों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं. परिजनों ने पुलिस पर दो बच्चों को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। इस मामले में भारत संवैधानिक अधिकार संरक्षण मंच ने आज एसएसपी से मुलाकात की. जिसमें उन्होंने मसूरी पुलिस के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा है.
भारत कांस्टीट्यूशनल राइट्स प्रोटेक्शन फोरम ने देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन देकर मसूरी में सुनील की हत्या पर कोतवाली मसूरी पुलिस द्वारा एक नाबालिग की बेरहमी से पिटाई की शिकायत की है. साथ ही मसूरी पुलिस के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. दौलत कुंवर ने बताया कि कुछ दिन पहले सुनील पुत्र सन्तराम निवासी जखनोग लखवाड़ तहसील कालसी देहरादून हाल निवासी मसूरी जार्ज एवरेस्ट की गला रेत कर हत्या की गई थी, पोस्टमार्टम के बाद दो दिन पहले यमुना पुल पर अंतिम संस्कार किया गया. पूरा परिवार मातम मना रहा है। मसूरी कोतवाली पुलिस ने पीड़ित परिवार के बच्चों को मसूरी कोतवाली बुलाया, जिसमें एक बच्चा नाबालिग है. पुलिस ने सुबह से दोपहर तीन बजे तक कई बार नाबालिग को थर्ड डिग्री देकर सुनील की हत्या की बात जबरन कबूल कराने की कोशिश की. जिसके लिए उन्हें बुरी तरह मारा गया। जिसकी उच्च स्तरीय जांच के चिकित्सकों ने पुष्टि की है।
पीड़ित सन्तराम पूर्व प्रधान को सुबह से रात 10 बजे तक दोनों बच्चों से मिलने नहीं दिया गया. उन्होंने कहा कि लखवाड़ क्षेत्र के 4 गांवों के ग्रामीण दोपहर 2 बजे अपने साथियों के साथ मसूरी कोतवाली पहुंचे. उन्होंने बताया कि कोतवाल मसूरी ने उनसे दोनों बच्चों को रिहा करने का अनुरोध किया था. जिसके बाद कोतवाल ने दोनों बच्चों को उसे सौंप दिया। उन्होंने बताया कि दोनों बच्चों ने आपबीती सुनाई. जिसमें उन्होंने थर्ड डिग्री देकर प्रताड़ित करने की बात कही।
जिसके बाद दोनों बच्चों को उप जिला अस्पताल मसूरी ले जाया गया और मेडिकल कराया गया. जिसमें कई जगह चोट के गंभीर निशान मिले हैं। उन्होंने मसूरी कोतवाली के सभी कर्मचारियों को एसएसपी देहरादून से बर्खास्त करने के साथ ही सुनील हत्याकांड का खुलासा कर दोषियों को जल्द से जल्द जेल भेजने की मांग की. उन्होंने कहा कि अगर सुनील हत्याकांड और बच्चों पर पुलिस हमले पर कार्रवाई नहीं की गई तो मंच के सदस्य पीड़ितों के साथ एसएसपी कार्यालय देहरादून के बाहर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठने को मजबूर होंगे.

