पौड़ी गढ़वाल : आवारा कुत्तों के आतंक ने थलीसैण प्रखंड के तीन गांवों में दहशत पैदा कर दी है. आवारा कुत्ते अब तक 8 लोगों को काट कर घायल कर चुके हैं। कुत्ते के हमले में घायल तीन ग्रामीणों को देघाट और पांच ग्रामीणों को बुंगीधार अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
तीनों गांवों में कुत्तों का खौफ ऐसा है कि डर के मारे गांव वाले अपने बच्चों को स्कूल भेजने से डरते हैं. थलीसैंण विकासखंड के चौथान पट्टी स्थित जैंती, डांग और किमवाड़ी गांवों में आवारा कुत्ते घूम रहे हैं, जिससे लोग काफी डरे हुए हैं. जैंती गांव के ग्रामीण बलवंत सिंह जेंतवाल ने बताया कि जैंती गांव में भागुली देवी, विमला देवी, डांग गांव में ग्रामीण ठाकुर सिंह और किमवाड़ी गांव में आवारा कुतों ने हमला कर हीरा सिंह, आनंद सिंह नेगी, केशर सिंह, कला देवी व भीम सिंह पर हमला कर दिया है।
उन्होंने बताया कि भागुली देवी, विमला देवी और एक अन्य ग्रामीण इलाज के लिए देघाट अस्पताल (अल्मोड़ा) गए थे. जहां इलाज के साथ-साथ ग्रामीणों को रेबीज का टीका भी लग गया। जबकि किमवाड़ी में कुत्ते के हमले में घायल पांच लोगों को 108 सेवा की मदद से बुंगीधार अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां ग्रामीणों का इलाज कर टीकाकरण किया जा रहा है.
जेंतवाल ने कहा कि आवारा कुत्तों के हमलों पर जल्द काबू पाने के लिए पशुपालन विभाग के अधिकारियों को सूचित किया गया था, लेकिन अभी तक विभाग की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि आवारा कुत्तों के हमले के डर से ग्रामीण अपने बच्चों को स्कूल भेजने से भी डर रहे हैं. राज्य पशु चिकित्सालय थलीसैण के प्रभारी एवं फार्मासिस्ट रविदेव सिंह राहुल ने बताया कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों के हमले में ग्रामीणों के घायल होने की कोई सूचना नहीं मिली है.

