श्रीनगर , PAHAAD NEWS TEAM
एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के आदेश के मुताबिक गंगा नदी के 100 मीटर के दायरे में कोई भी निर्माण करना गैरकानूनी है. लेकिन यमकेश्वर तहसील कार्यालय के पास एनजीटी के नियमों को ताक पर रखकर निर्माण कार्य कराया जा रहा है और प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं है.
दरअसल, पौड़ी जिला यमकेश्वर तहसील कार्यालय के सामने बिरला इंटरनेशनल बंगले में गंगा के पास अवैध निर्माण कार्य किया जा रहा है. यह निर्माण कार्य प्रशासन की नाक के नीचे चल रहा है, लेकिन प्रशासन इस पर कोई कार्रवाई करने से कतरा रहा है.
जहां पुलिस इस मामले को अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर बता रही है, वहीं पौड़ी के जिलाधिकारी विजय कुमार जोगदंडे मामले में कार्रवाई करने की बात कह रहे हैं. उनका कहना है कि मामले की जांच कराकर उचित कार्रवाई की जाएगी।
क्या है एनडीटी का आदेश: नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने इससे पहले एक याचिका पर सुनवाई करते हुए 100 मीटर के क्षेत्र को ‘नो डेवलपमेंट जोन’ घोषित किया था। साथ ही गंगा नदी के 500 मीटर के दायरे में किसी भी तरह का कचरा फेंकने पर रोक लगाई गई है और ऐसा करते पकड़े जाने पर 50 हजार रुपये जुर्माने का प्रावधान किया गया है.

