देहरादून, PAHAAD NEWS TEAM

उत्तराखंड में दलबदल को लेकर एक बार फिर सियासत तेज होती दिख रही है. इस कड़ी में इस बार किशोर उपाध्याय के नाम से सियासी गलियारों में खबरों का माहौल गर्म है. दरअसल, कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय बीजेपी के प्रदेश महासचिव संगठन अजय कुमार के फ्लैट से निकलते नजर आए. जिसके बाद एक बार फिर राज्य की सियासत गरमा गई है.

उत्तराखंड कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय लंबे समय से हरीश रावत पर तीखे हमले करते नजर आ रहे हैं. उनका अंदाज पार्टी में बगावत की स्थिति को बयां कर रहा है. आज पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय के भाजपा के प्रदेश महासचिव संगठन के फ्लैट से निकलने की तस्वीरों से चर्चा तेज हो गई है कि क्या किशोर उपाध्याय भाजपा में शामिल होने जा रहे हैं?

बता दें कि बीजेपी के प्रदेश महासचिव संगठन अजय कुमार रेसकोर्स स्थित एक फ्लैट में रहते हैं. जहां देर शाम पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कांग्रेस किशोर उपाध्याय पहुंचे. वे इस फ्लैट में काफी देर तक रहे। इस दौरान भाजपा के चुनाव प्रभारी के भी इसी फ्लैट में रहने की खबरें थीं। खास बात यह है कि जब किशोर उपाध्याय से भाजपा संगठन महासचिव अजय कुमार की बैठक को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया.

बैठक पर किशोर उपाध्याय की सफाई : किशोर उपाध्याय ने प्रदेश महासचिव संगठन अजय कुमार और प्रह्लाद जोशी से मुलाकात कर यह स्पष्ट किया है. उनका कहना है कि उनका एक दोस्त उन्हें इस फ्लैट में किसी और से मिलने लाया था और जिस तरह से वह वन अधिकार आंदोलन को लेकर अखिलेश यादव से मिले हैं. इसी तरह वे सभी से मिल रहे हैं। इसी कड़ी में उन्होंने इस फ्लैट में अपने दोस्त और अपने दोस्तों से बात की. उन्हें नहीं पता था कि इसी फ्लैट में अजय कुमार भी रहते हैं।

किशोर उपाध्याय ने कहा कि उनकी पार्टी के एक शख्स ने यह खबर मीडिया के सामने लाई है. लेकिन वह स्पष्ट करना चाहते हैं कि वह केवल वन अधिकारों के आंदोलन पर काम कर रहे हैं और इन रिपोर्टों से उनका कोई लेना-देना नहीं है।