चमोली , PAHAAD NEWS TEAM

विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग की तारीख नजदीक आ रही है. वैसे आज तक मूलभूत सुविधाओं से वंचित ग्रामीण चुनाव के बहिष्कार को लेकर मुखर होने लगे हैं. कर्णप्रयाग प्रखंड के गनोली, थंगवाड़ गांव में सड़क पर नहीं पहुंचने पर ग्रामीणों ने चुनाव का बहिष्कार करने की घोषणा की है. कर्णप्रयाग विधानसभा सीट से भाकपा-माले से चुनाव लड़ रहे इंद्रेश मैखुरी ने चुनाव बहिष्कार के मुद्दे पर चिंता जताते हुए राज्य चुनाव आयोग को पत्र लिखकर ग्रामीणों की मांगों पर कार्रवाई करने को कहा है.

कर्णप्रयाग प्रखंड के गनोली, थांगवाड एवं डोंठला ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों ने रविवार को 2022 के विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करने का फैसला किया. ग्रामीणों का कहना है कि ग्रामीणों ने पूर्व में भी चुनाव का बहिष्कार करने की चेतावनी दी है. लेकिन प्रशासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों का कहना है कि वर्ष 2006 से सड़क की स्वीकृति मिलने के बाद भी आज तक उक्त ग्राम पंचायत के 8 गांवों में सड़क नहीं पहुंची है.

ग्रामीणों का कहना है कि लाखों रुपये खर्च कर जनजागरूकता अभियान चला रहा चुनाव आयोग ज्यादा से ज्यादा वोटिंग का दावा करने के साथ ही चमोली के एक दर्जन से ज्यादा गांवों के चुनाव का बहिष्कार करने की बात पर भी कुंभकरणी नींद सोया हुआ है.