देहरादून : राज्य के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ने कृषि एवं उद्यान विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। जिसमें मंत्री ने अधिकारियों को विभाग की योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी से काम करने का सख्त निर्देश दिया. ताकि किसानों को इसका लाभ मिल सके.

कृषि मंत्री गणेश जोशी ने परंपरागत कृषि विकास योजना के तहत आउटलेट के कार्यों में तेजी लाकर तय समय में पूरा करने के भी निर्देश दिये. उन्होंने अधिकारियों को कार्य प्रणाली में सुधार लाने का निर्देश भी दिया. उन्होंने बागवानी विभाग के अधिकारियों को सेब मिशन पर विशेष ध्यान देने को कहा। साथ ही कहा कि सरकार किसानों और बागवानों के लिए कई योजनाएं चला रही है. किसान को अधिक से अधिक लाभ मिले इस पर विशेष ध्यान दिया जाय।

मंत्री ने अधिकारियों को आगामी 11अगस्त को प्रदेशभर के सभी सेब काश्तकारों को देहरादून किसान भवन में एक गोष्ठी करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी सेब काश्तकारों को एक गोष्ठी के माध्यम से उनके सुझाव को लिया जाएगा और सेब नीति (एप्पल पॉलिसी) किसानों के सुझावों में सम्मिलित किया जाएगा, ताकि किसानों को उसका लाभ मिल सके।

बैठक में उन्होंने कहा कि मंडी किसानों के लाभ के लिए बनाई गई है, लेकिन किसानों की जगह अन्य लोगों को इसका लाभ मिल रहा है। उन्होंने अधिकारियों को एक मेकेनिज्म और कोल्ड चैन डेवलप करने के भी निर्देश दिए।

उन्होंने अधिकारियों से गढ़वाल में दो और कुमाऊं में दो वैन वाहन लगाने को कहा ताकि किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य सही समय पर मिल सके।

बैठक में मंत्री ने उद्यानिकी फसलों के परिवहन के लिए रोपवे का निर्माण करने तथा रोपवे का प्राक्कलन शीघ्र तैयार करने के भी निर्देश दिये। अधिकारियों से किसानों के हित के लिए भविष्य में दीर्घकालिक रणनीति बनाने को कहा गया. उन्होंने अधिकारियों को सेब का एमएसपी बढ़ाने के मुद्दे की समीक्षा करने के भी निर्देश दिये.

इस अवसर पर सचिव कृषि दीपेंद्र चौधरी, कृषि महानिदेशक रणवीर सिंह चौहान, कृषि निदेशक गौरी शंकर, संयुक्त निदेशक कैसी पाठक सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

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