हल्द्वानी: मुख्यमंत्री की घोषणा के तहत तीन साल पहले काठगोदाम के रानीबाग चित्रशिला घाट पर विद्युत शवदाह गृह बनाने की आधारशिला रखी गई थी. लेकिन तीन साल बाद भी विद्युत शवदाह गृह अब तक अधूरा है. ऐसे में हल्द्वानी नगर निगम ने शवदाह कंपनी से अनुबंध खत्म कर दिया है.
बताया जा रहा है कि पूर्व सीएम त्रिवेन्द्र रावत ने रानीबाग चित्रशिला घाट पर विद्युत शवदाह गृह बनाने की घोषणा की थी. वहीं 2 करोड़ 91 लाख की लागत से शवदाह गृह का निर्माण होने जा रहा है. इनमें एक विद्युत शवदाह गृह, दो पारंपरिक शवदाह गृह और एक उच्चीकृत शवदाह गृह का निर्माण किया जाना है. लेकिन तीन साल बाद भी श्मशान घाट का निर्माण कार्य अधूरा है. अब तक 70 फीसदी ही निर्माण पूरा हो सका है. कंपनी की लापरवाही के चलते नगर निगम ने अब कंपनी से निर्माण कार्य का अनुबंध खत्म कर दिया है।

हल्द्वानी नगर निगम मेयर डाॅ. जोगिंदर पाल सिंह रौतेला ने बताया कि कंपनी के लिए 20 जुलाई 2020 को वर्क ऑर्डर जारी किया गया था. लेकिन कोविड-19 के कारण काम प्रभावित हुआ, जिसके बाद कंपनी के अनुरोध पर कार्य अवधि बढ़ा दी गयी. लेकिन, कंपनी ने निर्माण में लापरवाही बरती। कंपनी को समय-समय पर बिलों का भुगतान भी किया गया। लेकिन कंपनी समय पर काम पूरा नहीं कर पाई, जिसके बाद कंपनी से अनुबंध खत्म कर दिया गया है.
मेयर ने कहा, गौला नदी के पानी को प्रदूषित होने से बचाने के लिए यह महत्वपूर्ण परियोजना बनाई गई है। कंपनी से अनुबंध समाप्त कर दिया गया है. जल्द ही नई कंपनी के माध्यम से टेंडर प्रक्रिया कराई जाएगी और बाकी काम भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा।
उत्तराखंड मौसम : गौरीकुंड में पहाड़ी से गिरी चट्टान, 13 लोग लापता , बचाव दल मौके पर

